मांझी और तेजप्रताप की मुलाकात पर बोले सुशील मोदी, एनडीए अटूट है, डोरे डालने वाले सफल नहीं होंगे

खबरें बिहार की

पटना:भाजपा सांसद सुशील कुमार मोदी ने कहा है कि पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी एनडीए के वरिष्ठ नेता हैं। इसलिए किसी जनप्रतिनिधि की उनसे शिष्टाचार भेंट का राजनीतिक मायने निकालने की जल्दबाजी नहीं होनी चाहिए। मांझी किसी एक जाति के नहीं, बल्कि बिहार में दलितों के बड़े सर्वमान्य नेता हैं। उन्होंने राजद का कुशासन भी देखा है। उनपर डोरे डालने वाले कभी सफल नहीं होंगे।

मोदी ने ट्वीट किया कि एनडीए अटूट है और इसकी सरकार अपना कार्यकाल पूरा करेगी। एनडीए एक लोकतांत्रिक गठबंधन है, इसलिए जनता से जुडे विभिन्न मुद्दों पर सभी घटक दलों की राय अलग-अलग हो सकती है। एनडीए के सभी घटक दलों से अपील है कि वे गैरजिम्मेदार बयानबाजी करने के बजाय पीड़ित मानवता की रक्षा करने में अपनी ऊर्जा लगाएं।

चट्टानी एकता के साथ काम कर रहा एनडीए : कुशवाहा
जदयू के प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा ने कहा है कि पूर्व मुख्यमंत्री और हम पार्टी के प्रमुख जीतन राम मांझी से तेजप्रताप यादव की मुलाकात में ऐसा कुछ भी नहीं है। यह कोई राजनीतिक मुलाकात नहीं थी और इसे खुद मांझी ने भी साफ-साफ कहा है। हमलोग मिलजुल कर काम कर रहे हैं। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में बिहार में एनडीए के सभी घटक दल चट्टानी एकता के साथ काम कर रहे हैं।

आरजेडी प्रमुख लालू प्रसाद के बड़े बेटे तेजप्रताप यादव ने पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी से मुलाकात कर एक बार फिर सबको चौंका दिया है। सियासी गलियारे में इस मुलाकात के अलग-अलग निहितार्थ निकाले जा रहे हैं। इसे पिछली घटनाओं से जोड़कर भी देखा जा रहा है। इससे पहले श्री मांझी ने लालू प्रसाद और राबड़ी देवी को उनकी शादी के सालगिरह पर बधाई दी थी। लालू प्रसाद के प्रति श्री मांझी की बढ़ती हमदर्दी से नई सियासत के आकार लेने की अटकलें तेज हो गई हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *