सताने लगा सूखे का डरः किसानों को मिलेगा हर संभव मदद, 30 जिलों में 20 प्रतिशत से भी कम बारिश

खबरें बिहार की जानकारी

बिहार में सुखार का डर किसानों के साथ साथ सरकार को भी डराने लगा है। राज्य के 30 जिलों में काफी कम बारिश रिकार्ड की गयी है। इन जिलों में बारिश 20 प्रतिशत से भी कम हुई। ऐसे में धान की रोपाई नहीं हो पाई है। लोग रोपनी के बदले बिचड़ा बचाने में लगे हैं। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पदाधिकारियों को निर्देश दिया है कि कम बारिश होने के कारण संभावित परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए प्रभावित किसानों की समस्याओं से निपटने के लिए पूरी तैयारी रखें। ताकि, किसानों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं हो। साथ ही किसानों के बीच वैकल्पिक फसल के लिए प्रचार-प्रसार करें। वैकल्पिक फसल के लिए बीज की पर्याप्त उपलब्धता रखें।

जल-जीवन-हरियाली की नियमित समीक्षा

मुख्यमंत्री ने शुक्रवार को एक अणे मार्ग स्थित ‘संकल्प’ में कम बारिश से उत्पन्न संभावित स्थिति की समीक्षा की और अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिये। कहा कि जल-जीवन-हरियाली अभियान की शुरुआत जल के संरक्षण एवं हरियाली को बढ़ाने के लिए की गयी है। जल-जीवन-हरियाली अभियान के सभी अव्यवों के कार्य प्रगति की नियमित समीक्षा करते रहें। जल संचयन के कार्यों में कहीं कोई अवरोध हो तो उसे जल्द दूर करें। नहरों में जलापूर्ति लगातार जारी रखें।

अब तक 15 से 20 प्रतिशत रोपनी

समीक्षा के दौरान कृषि विभाग के सचिव एन. सरवन ने बताया कि राज्य में अब तक 15 से 20 प्रतिशत रोपनी हुई है। कम बारिश के कारण संभावित उत्पन्न परिस्थिति से निपटने को लेकर विभाग तैयारी में जुटा है। इस मौके पर आपदा प्रबंधन सह जल संसान विभाग के सचिव संजय कुमार अग्रवाल ने प्रस्तुतीकरण के माध्यम से वर्ष 2022 में एक जून से आठ जुलाई तक बारिश की स्थिति की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इस अवधि में आठ जिलों- अररिया, बेगूसराय, बक्सर, किशनगंज, मोपुरा, मधुबनी, पूर्णिया एवं सुपौल को छोड़कर शेष 30 जिलों में सामान्य से 20 प्रतिशत से भी कम बारिश हुई है। उन्होंने वर्ष 2017 से 2021 तक के बारिश की वर्षवार की स्थिति भी बतायी। उन्होंने बताया कि नहरों में जल की आपूर्ति की जा रही है।

समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, मुख्य सचिव आमिर सुबहानी, मुख्यमंत्री के अतिरिक्त परामर्शी मनीष कुमार वर्मा, सचिव अनुपम कुमार, विशेष कार्य  पदाधिकारी गोपाल सिंह उपस्थित थे।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published.