DM दीपक रावत ने कावंड़िए के पैर में खुद बांधी पट्टी,बोले-IAS अधिकारी से पहले हूं जनता का सेवक

जागरूकता

पटना: उत्तराखंड में भरी संख्या में कांवड़ पहुँच रहे हैं। वहीं हरिद्वार कांवड़ मेले में पेक हो गया है। भारी संख्या में पहुँच रहे कांवड़ियों को कोई दिक्कत ना हो इसलिए शासन प्रशासन भी तंदुरुस्ती से व्यवस्था करने में जुटा है। कांवड़ियों को कोई स्वास्थ्य संबंधी समस्या ना हो इसके लिए हरिद्वार में कई विशेष मेडिकल कैंप लगाए गए हैं।

शनिवार को होटल अलकनंदा के पास कांवड़ यात्रियों के लिए पुलिस प्रशासन ने एम्स हॉस्पिटल के चिकित्सकों को आमंत्रित कर बनाये एक विशेष चिकित्सा शिविर का आयोजन किया था। इस कैंप का उद्घाटन जिलाधिकारी दीपक रावत ने फीता काटकर विधिवत तरीके से किया।

इसके बाद दीपक रावत ने रेवाड़ी से हरिद्वार आये एक घायल कांवड़ यात्री के पैर में पट्टी बांधकर कैंप की औपचारिक शुरुआत की। उन्होंने कहा कि जनसेवा मानव का परम धर्म है। कांवडियों के सेवा करने से महादेव स्वयं खुश होते हैं। मैं भी IAS होने से पहले जनता का सेवक हूं।

चिकित्सा शिविर में दो बेड, इसीजी मशीन और एक अम्बुलेंस की व्यवस्था की गई है। चिकित्सा शिविर एम्स के चिकित्सकों के सहयोग से चलाया जा रहा है। बता दें कि हरिद्वार में कांवड़ मेले का भी डीएम दीपक रावत ने निरीक्षण किया।

वहीं, उत्तराखंड के इस निर्भीक जिलाधिकारी से लोगों की उम्मीदें बंधी हैं। अपने तेज-तर्रार अंदाज की वजह से दीपक रावत आज लोगों के बीच मशहूर हैं। हाल ही में डीएम दीपक रावत को एक स्कूल से खबर मिली थी कि स्कूल के आसपास कुछ शराब के ठेके हैं और वहां लोग खुले में शराब पी रहे हैं। ये बात जानकर वो खुद हैरान रह गए। बस फिर क्या था दीपक रावत अपने साथ बिना कोई गार्ड लिए इन सरकारी शराब के ठेकों की तरफ चल पड़े।

इस वीडियो में आप खुद देख सकते हैं कि डीएम किस तरह की कार्रवाई कर रहे हैं। अपनी जांच के दौरान डीएम ने पाया कि बाहर लोग शराब के मजे उड़ा रहे हैं। बेखौफ होकर दारू पर्टी चल रही है। एक एक कर दीपक रावत ने पहले इन लोगों को होश ठिकाने लगा दिए। इसके बाद वो देसी शराब के ठेके की तरफ चल पड़े।

देसी शराब के ठेके में बीयर भी बेची जा रही थी लेकिन रेट लिस्ट ही गायब थी। ऐसे में डीएम दीपक रावत ने ठेके वाले पर कार्रवाई करने के निर्देश दिए। इसके बाद डीेम दीपक रावत दूसरे ठेके में पहुंचे तो वहां अलग ही नज़ारा देखने को मिला। वहां बाहर ही खुले में कैंटीन चल रही थी। शराब के ठेके के बाहर खुले में कैंटीन चल रही है और लोग बाहर ही शराब पी रहे हैं। बस फिर क्या था शराब के ठेके चलाने वालों पर डीएम दीपक रावत बिफर पड़े। डीएम ने तुरंत ही आदेश दिया कि रात भर में भी ये कैंटीन यहां से हट जानी चाहिए।

Source: Live Bihar

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