ददन पहलवान ने बुक किया हेलिकॉप्टर, 2019 में बक्सर से तेजस्वी के ‘चाणक्य’ को हराने की है तैयारी

राजनीति

पटना: बिहार राजनीति के कलरफुल एवं चर्चित पर्सनालिटी ददन सिंह यादव उर्फ ददन पहलवान ने ‘स्वेच्छा’ से माइन्ड मेकअप कर लिया है कि किसी भी शर्त पर 2019 लोकसभा चुनाव उन्हें लड़ना है। मृदुभाषी एवं अक्खड़ स्वभाव के धनी ददन पहलवान चुनाव प्रचार के लिए अभिए बीस हजार प्रति घंटा की दर पर बाजाप्ता हेलीकाप्टर भी हायर कर लिये हैं।

मीडिया से बातचीत में ददन पहलवान ने बताया कि “मैं जबतक जिंदा रहूंगा बक्सर संसदीय क्षेत्र सो चुनाव लड़ता रहूंगा।” वो बताते हैं कि इस बात की ज्यादा संभावना है कि वे चुनाव बतौर निर्दलीय फाइट करें। क्योंकि जिस राजनीतिक गठबंधन से ददन पहलवान अटैच्ड हैं उसका लोकसभा में प्रतिनिधित्व भाजपा की तरफ से होता रहा है। वर्तमान में अश्वनी कुमार चौबे बक्सर सीट के एमपी हैं जो केन्द्र की नरेन्द्र मोदी सरकार में मिनिस्टर आफ स्टेट फार हेल्थ भी हैं।

ददन पहलवान अभी डुमरांव विधानसभा से जनता दल यू के विधायक है। अगर वो लोकसभा चुनाव लड़ते हैं तो उनको कानूनी प्रावधान के अर्न्तगत अपने पद से इस्तीफा देना होगा जिसके लिए वो मानसिक रूप से पूरी तैयार हैं। “इधायकी-विधायकी में क्या रखा है, मैं एक झटके में रिजाइन कर दूंगा। मेरे को किसी भी सूरत में बक्सर की चौतरफा विकास के लिए संसद में ढुक जाना है।” ऐसा उन्होंने कहा।

ददन पहलवान एक राजनीतिक लड़ाकू हैं। टीचर की अच्छी नौकरी को तौबा करके राजनीति में आए। डुमरांव सीट से पहली बार निर्दलीय फाइट करके 2000 विधानसभा चुनाव जीते। राबड़ी देबी की सरकार में राज्यमंत्री भी बनाए गए। पहलवान क्रमश: 2004, 2009 और 2014 लोकसभा चुनाव बक्सर सीट से बतौर निर्दलीय या फिर बहुजन समाज पार्टी के उम्मीदवार के रूप में लड़कर अच्छा वोट पाते रहे हैं। वोट का परसेन्टेज बताता है कि बक्सर क्षेत्र की एक खास बिरादरी पर इनकी अच्छी पकड़ रही है।

वैसे महर्षि विश्वामित्र की कर्मस्थली बक्सर से आने वाले कई लोगों का ये आरोप है कि सीएम नीतीश कुमार के कहने पर ददन पहलवान अपना हैट बक्सर के रिंग में फेंक रहे हैं ताकि राजद के कद्दावर नेता और प्रेजेन्ट में तेजस्वी यादव के चाणक्य जगदानंद सिंह को हराया जा सके। उनलोगों का ये भी कहना है कि “हाल के दिनों में पहलवान ने कई मित्रों से जिक्र किया है कि किसी भी सूरत में जगदानंद को लोकसभा नहीं ठेकने देना है।”

भगवा पार्टी ने वोटर के मिजाज को जानने के लिए मार्च में जो सर्वे कराया था उसमें बीजेपी की सबसे खराब स्थति बक्सर में ही है। इसको रिकवर करने का सिर्फ एक ही मजबूत तरीका है कि गाडेज लक्ष्मी का भरपूर ब्लेसिंग देकर ददन पहलवान को बतौर निर्दलीय कैंडिडेट लड़वाया जाय। कहते हैं कि जनता दल यू नेतृत्व ने भी बीजेपी के इस स्ट्रेटजी को सटीक मानकर ओके कर दिया है।

बहरहाल, चौबीसो घंटे बक्सर की सरजमीं से जुड़ाव रखने और रानीतिक गतिविधि पर पैनी नजर रखने वाले नागरिकों का ये कहना है कि “अभी तो एक विशेष जमात के लोग लालू यादव के साथ कटहल की लासा के समान सटल दिख रहे हैं।”

Source: live bihar

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