दरभंगा-भागलपुर से जल्द शुरू होगी उड़ान, बिहार सरकार ने माना- फायदे में रहेगा सौदा

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पटना: फिक्की (फेडरेशन ऑफ इंडियन चैंबर ऑफ कॉमर्स) के बाद ‘क्षेत्रीय संपर्क योजना (आरसीएस)’ या ‘उड़ान’ के तहत पताही से हवाई सेवा शुरू करने की योजना को अब सरकार से झटका लगा है. खुद उसका मानना है कि यहां के बदले दरभंगा व भागलपुर से उड़ान सेवा शुरू करना ज्यादा फायदेमंद होगा. बिहार नागरिक विमानन विभाग की ओर से ‘आरसीएस’ योजना के लिए केंद्र सरकार को भेजे गये प्रस्ताव में इसका जिक्र है. रिपोर्ट में 18 संभावित रूट का जिक्र भी है, जहां विमान सेवा शुरू की जा सकती है. इसमें से महज एक रूट मुजफ्फरपुर होकर है. यह है, पटना से देवघर वाया भागलपुर-मुजफ्फरपुर. इस रूट में नौ से 20 सीट तक वाली विमान सेवा शुरू होने की संभावना जतायी गयी है. रिपोर्ट में बताया गया है कि इस रूट में हवाई सेवा शुरू होने से जहां क्षेत्रीय संपर्क बढ़ेगा, वहीं देवघर जाने वाले श्रद्धालुआें को भी इससे फायदा होगा. 18 में से नौ रूट में 9 से 20 व नौ रूट में 40 सीट तक वाली विमान सेवा शुरू करने का प्रस्ताव है.

दरभंगा को बताया शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा व पर्यटन का हब: बिहार सरकार के ‘आरसीएस’ प्रस्ताव में उत्तर बिहार में दरभंगा एयरपोर्ट को सबसे ज्यादा अहमियत दी गयी है. प्रस्ताव में जिन 18 रूटों का जिक्र है, उसमें से चार का जुड़ाव दरभंगा एयरपोर्ट से है. पटना-दरभंगा व पटना-दरभंगा वाया गया-पूर्णिया रूट में नौ से 20 सीट तक पटना-गुवाहाटी वाया दरभंगा एवं पटना-बगडोगरा (पश्चिम बंगाल) वाया दरभंगा रूट में 40 सीट वाली विमान सेवा शुरू करने की गुंजाइश बतायी गयी है. रिपोर्ट में दरभंगा को शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा व पर्यटन का हब बताया गया है. साथ ही पटना-गुवाहाटी वाया दरभंगा व पटना बगडोगरा (पश्चिम बंगाल) वाया दरभंगा रूट को नार्थ-इस्ट राज्यों का गेट-वे के रूप में दिखाया गया है. इससे पूर्व ‘फिक्की’ ने एक डॉक्यूमेंट जारी किया था, जिसमें ‘आरसीएस’ के लिए देश के 370 पोटेंशियल एयरपोर्ट का जिक्र था. उसमें भी बिहार से दरभंगा व भागलपुर एयरपोर्ट को बेहतर विकल्प माना गया था. मंत्री ने मार्च तक सेवा शुरू होने का किया है दावा: केंद्र सरकार ने पताही हवाई अड्डा के जीर्णोद्धार के लिए 60 करोड़ आवंटित किये हैं. इसके लिए खुद राज्य सरकार के नगर विकास मंत्री सुरेश शर्मा ‘राइट्स’ की टीम के साथ यहां का दौरा भी किया था. तब उन्होंने मार्च तक यहां से हवाई सेवा शुरू होने की घोषणा भी की थी. बिहार नागरिक विमानन विभाग की इस रिपोर्ट से उनके दावों को भी झटका लग सकता है.

9 से 20 सीट वाली विमान सेवा के लिए संभावित रूट और आकर्षण ?: पटना-भागलपुर-सिल्क हब, पर्यटन (विक्रमशीला), व्यावसायिक गतिविधियां, धार्मिक पर्यटन (सुल्तानगंज व दवेघर), पटना-बेगूसराय-व्यावसायिक गतिविधियां, एग्जीक्यूटिव लोगों की यात्रा, पटना- वाल्मिकीनगर-इको टूरिज्म, वाल्मिकीनगर टाइगर प्रोजेक्ट, पटना-किशनगंज -पर्यटन व नॉर्थ-इस्ट राज्यों से जुड़ाव (पटना से सबसे सुदूर एयरपोर्ट), पटना-दरभंगा-स्वास्थ्य, शिक्षा, पर्यटन (मधुबनी पेंटिंग), पटना-पूर्णिया-सुदूर क्षेत्रों से जुड़ाव व नॉर्थ-इस्ट राज्य जाने रास्ता, पटना-देवघर-धार्मिक पर्यटन (वैद्यनाथधाम), पटना-मुजफ्फरपुर-भागलपुर-देवघर-क्षेत्रीय संपर्क, वैद्यनाथधाम जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए फायदेमंद, पटना-गया-पूर्णिया-दरभंगा-व्यावसायिक गतिविधियां, पर्यटन व क्षेत्रीय संपर्क

40 सीट तक वाली विमान सेवा के लिए संभावित रूट और आकर्षण: पटना-पूर्णिया-गुवाहाटी-नॉर्थ-इस्ट राज्यों से जुड़ाव, मेडिकल सेक्टर, पटना-दरभंगा-गुवाहाटी-नॉर्थ-इस्ट राज्यों से जुड़ाव, मेडिकल सेक्टर, कोलकाता-गया-वाराणसी-कुशीनगर-पटना-गया में पिंडदान, पर्यटन, बुद्ध सर्किट, विदेशी पर्यटक (दक्षिण-पूर्व एशिया के), पटना-दरभंगा-बगडोगरा-दिल्ली, मुंबई जैसे शहरों से होगा जुड़ाव, नॉर्थ-इस्ट का गेट-वे, पटना-गोरखपुर-लखनऊ-कनेक्टिविटी हब, पटना-गया-देवघर-धार्मिक पर्यटक, पटना-गया-रांची-भूवनेश्वर-कनेक्टिविटी हब, पटना-गया-कोलकाता-पर्यटन व व्यावसायिक गतिविधियां, पटना-पूर्णिया-कोलकाता-व्यवसाय व आर्थिक गतिविधियां

योजना के तहत सरकार यह करेगी मदद आरसीएस एयरपोर्ट के रूप में विकसित करने के लिए नि:शुल्क न्यूनतम जमीन, नि:शुल्क सुरक्षा व अग्नि शमन सेवा, अनुदानित दर पर बिजली, पानी व अन्य सेवाएं, जेपी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पटना सहित अन्य आरसीएस एयरपोर्ट के हैंगर पर नि:शुल्क विमान पार्किंग की सुविधा, आरसीएस एयरपोर्ट पर एटीएफ (एविएशन टर्बाइन फ्यूल) पर दस सालों तक एक प्रतिशत ही वैट सरकार लेगी.

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