बिहार के सरकारी स्कूलों में हेड मास्टर्स के पदों पर BPSC ने निकाली भर्ती, जानें डिटेल्स

खबरें बिहार की

Patna: बिहार में पहली बार प्रधानाध्यपकों की नियुक्ति परीक्षा के आधार पर होने जा रही है. अबतक केवल साक्षात्कार और अनुभव के आधार पर ही प्रधानाध्यपकों की नियुक्ति होती थी. लेकिन इस बार 6421 प्रधानाध्यपकों की नियुक्ति परीक्षा के आधार पर होगी जिसकी पूरी जिम्मेदारी बीपीएसएससी की होगी.

इस संबंध में बिहार लोक सेवा आयोग ने नोटिफिकेशन जारी कर दिया है. जिसके मुताबिक उच्‍च माध्‍यमिक विद्यालयों में 6421 पदों पर प्रधानाध्‍यापक की नियुक्ति के लिए आवेदन आज से यानी 5 मार्च से शुरू हो गया है. वहीं आवेदन करने की अंतिम तारीख 28 मार्च है. आवेदन सिर्फ ऑनलाइन मोड में ही लिया जाएगा. इसमें महिलाओं के लिए 2179 पद सुरक्षित होंगे.

जानें परीक्षा के बारे में 

जानकारी के मुताबिक प्रधानाध्यपकों की नियुक्ति के लिए लिखित परीक्षा का आयोजन किया जाएगा. परीक्षा में 150 प्रश्न पूछे जाएंगे. सभी प्रश्न बहुविकल्पीय होंगे. इसमें सामान्य अध्ययन से 100 अंक और बीएड कोर्स से संबंधित 50 अंकों की परीक्षा होगी. यह परीक्षा ओएमआर शीट पर ली जाएगी. प्रत्येक प्रश्नों के लिए एक अंक निर्धारित है, वहीं प्रत्येक गलत उत्तर के लिए 0.25 अंक काटे जाएंगे. प्रश्न अनुत्तरित होने पर शून्य अंक देय होगा. परीक्षा की अवधि दो घंटे की होगी. परीक्षा में सफल होने के बाद नियुक्ति के लिए साक्षात्कार नहीं लिया जाएगा. जबकि परीक्षा में आये नंबर के आधार पर ही नियुक्ति होगी.

योग्यता क्या है?

बता दें कि उच्‍च माध्‍यमिक विद्यालयों में प्रधानाध्‍यापक बनने के लिए कम से कम आठ वर्ष कार्य अनुभव होना चाहिए. इसके अलावा माध्यमिक विद्यालयों में दस वर्षों का अनुभव जरूरी होगा. साथ ही साथ सीबीएसई, बीएसईबी और आईसीएसई से स्थायी संबद्धता प्राप्त माध्यमिक विद्यालय में 12 वर्ष रेगुलर सेवा होना जरूरी है. सरकार की ओर से प्रधानाध्यापकों के लिए वेतनमान 35 हजार और समय पर अन्य भत्ते शामिल होंगे.

Leave a Reply

Your email address will not be published.