माता सीता

बिहार में यहाँ है देश का पहला राम जानकी मंदिर जहाँ आज भी है यहां माता सीता के पैरों के निशान

आस्था

देश का पहले राम जानकी मंदिर में आज भी है माता सीता के पैरों के निशान। दरभंगा जिले का “अहिल्या स्थान” या फिर “अहिल्या उद्वार स्थल” देश भर में प्रसिद्ध है। यह कमतौल रेलवे स्टेशन के पास स्थित है। कहा जाता है की गौतम ऋषि ने क्रोध में आकर अपनी पत्नी अहिल्या को शाप दे कर उन्हें एक शिला में परिवर्तित कर दिया था।

जब श्री राम के चरण उस शिला से टकराए तो उस शिला ने वापस अहिल्या का रूप प्राप्त कर लिया। इस प्रकार इस स्थान पर अहिल्या का उद्वार हुआ। उस ग्राम को अहिल्या ग्राम के नाम से जाना जाता है और आज भी वहां माता सीता के पदचिन्ह स्थित हैं।

यहां का मंदिर वास्तुकला का अद्भुत नमूना है। कहा जाता है कि यह मंदिर भारत का पहला राम जानकी मदिर है। इस मंदिर को देखने देश-विदेश से लोग आते हैं।

हिंदुओं के बीच इस मंदिर की बेहद मान्यता है। कहा जाता है कि यहां आकर जो सच्चे मन से माता से कुछ मांगता है उसे जरूर मिलता है।




माता सीता




माता सीता




माता सीता







Leave a Reply

Your email address will not be published.