तेजस्वी यादव

लालू यादव के बाद RJD में तेजस्वी यादव युग की हुई शुरूआत

खबरें बिहार की

सबकी निगाहें तेजस्वी यादव की रैलियों पर टिकी है क्योंकि राजनीति में सबसे बड़ा नेता माना जाता है जो सबसे बड़ी भीड़ एकत्रित कर ले.

नीतीश कुमार से लोहा लेने के लिए राजद ने तेजस्वी पर दांव लगाया है. बिहार की सत्ता से दूर होने के बाद तेजस्वी नीतीश खेमे को पटखनी देने के लिए जनता के बीच उतर गए हैं. बिहार के दर्जन भर जिलों में तेजस्वी घूम-घूमकर सभाएं कर रहे हैं और नीतीश और भाजपा के खिलाफ हूंकार भर रहे हैं.

आरजेडी को तेजस्वी से बड़ी उम्मीदें हैं. राष्ट्रीय जनता दल के विधायक भाई बीरेंद्र का मानना है कि तेजस्वी की सभाओं से नीतीश खेमे में घबराहट है.




तेजस्वी यादव अभी जनता के बीच हैं सत्ता से अलग होने बाद तेजस्वी यादव 9 अगस्त से बिहार के विभिन्न जिलों के दौरे पर हैं. यह बात सच है कि तेजस्वी को युवाओं का बड़ा समर्थंन मिल रहा है जिससे राजद की उम्मीदें बढ़ी है. लेकिन जदयू की नजर में तेजस्वी एक बच्चा हैं. जदयू प्रवक्ता राजीव रंजन ने कहा कि तेजस्वी की पहचान एक राजनेता से ज्यादा लालू-राबड़ी के बेटे की है.









तेजस्वी यादव




बहरहाल, तेजस्वी की ये सभाएं और उनका जनसमर्थन उनके आत्मविश्वास को बढ़ाने के लिए ठीक है लेकिन राजनीति की पिच पर तेजस्वी की यह शुरूआत भर है. असली परीक्षा तब होगी जब इन सभाओं का फायदा वो 27 अगस्त की रैली में भुना सकें और बड़ी भीड़ गांधी मैदान की रैली में उतार सकें.











तेजस्वी यादव









तेजस्वी यादव



Leave a Reply

Your email address will not be published.